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गुरुवार, अप्रैल 16, 2009

मजबूर नहीं मजबूत प्रधानमंत्री चाहिए

अपने देश को आज मनमोहन सिंह जैसे एक मजबूर नहीं बल्कि मजबूत प्रधानमंत्री की जरूरत है। एक ऐसे प्रधानमंत्री जो किसी के हाथ की कठपुतली न होकर अपने विवेक से निर्णय लेने की क्षमता रखते हों। (मनमोहन सिंह को सब श्रीमती सोनिया गांधी के हाथ की कठपुतली मानते हैं) देश से आतंकवाद, महंगाई, भ्रष्टाचार, गरीबी, बेरोजगारी को समाप्त करने के साथ ही स्विस बैंक में जो देश का पैसा रखा है उसको वापस लाने की हिम्मत जिनमें हों।
ये सारी बातें छत्तीसगढ़ में लोकसभा चुनाव में मतदाताओं से बातचीत में सामने आईं हैं। 16 अप्रैल को हुए मतदान में जब मतदाताओं से उनके विचार पूछे गए तो जो बातें सामने आईं, वो यहां प्रस्तुत कर रहे हैं। रायपुर लोकसभा सीट के लिए मतदान करने जा रहे प्रदीप वर्मा ने कहा कि उनका ऐसा सोचना है कि देश को मजबूर नहीं मजबूत प्रधानमंत्री की जरूरत है। राधा सोहाने ने कहा कि ऐसा प्रधानमंत्री किस काम का जो दूसरे के हाथ की कठपुतली हो। प्रधानमंत्री को अपने विवेक से निर्णय करना चाहिए, हर निर्णय के लिए दूसरे का मुंह देखना सही नहीं है। उन्होंने कहा कि देश से भ्रष्टाचार समाप्त करने की क्षमता जिनमें हो, ऐसे प्रधानमंत्री की जरूरत है। सविता तराटे ने कहा कि देश को सुशासन देने वाले और स्विस बैंक से देश के पैसे को वापस निकालने की ताकत रखने वाले प्रधानमंत्री की जरूरत है। युवाओं को रोजगार देने वाली सरकार ही केन्द्र में होनी चाहिए।
मतदान करके लौट रहीं बीई की छात्रा रूही चोपड़ा ने पूछने पर बताया कि वह इसलिए मतदान करने गईं क्योंकि उनको यह लगता है कि मतदान जरूरी है। उन्होंने कहा कि अब जहां तक प्रधानमंत्री का सवाल है तो देश को आतंकवाद से मुक्ति दिलाने वाले प्रधानमंत्री की जरूरत है। इसी के साथ गरीबों की मदद करने वाले और देश से भ्रष्टाचार समाप्त करने वाले राष्ट्र के नेता की जरूरत है। पहली बार मतदान करने वाली भारती आहूजा ने पूछने पर तपाक से कहा कि उनका ऐसा मानना है कि इस देश की प्रधानमंत्री तो कोई महिला ही होनी चाहिए। आईएस की तैयारी करने वाली इस छात्रा ने विश्वास से कहा कि वह एक लड़की हैं और उनका ऐसा मानना है कि एक दिन वह भी प्रधानमंत्री बन सकती हैं। भारती के पिता राजेश आहूजा और माता आशा आहूजा ने कहा कि उनका ऐसा मानना है कि केन्द्र में एक स्थाई सरकार होनी चाहिए। सेवक प्रेमचंदानी ने कहा कि जो सरकार अच्छा काम नहीं करती है उनको बदलने की जरूरत होती है और हमने तो इसी मानसिकता के साथ मतदान किया है। पहली बार मतदान करने वाली काशीरामनगर की अगसीया ध्रुव ने कहा कि महंगाई पर रोक लगाने और बेरोजगारों को काम देनी वाली सरकार की जरूरत है। सरिता ध्रुव ने कहा कि वोट लेने के बाद नेता जनता को भूल जाते हैं, जनता की परेशानियों को जानने के लिए उनको अपने क्षेत्र में भी आना चाहिए।
रवि डोडवानी ने कहा कि उनकी नजर में लालकृष्ण अडवानी प्रधानमंत्री होने चाहिए, इसी बात को ध्यान में रख कर मैंने अपना मत दिया है। श्री अडवानी को ही प्रधानमंत्री के लायक मानने वाले सुनील छतवानी ने कहा कि वे भी चाहते हैं कि श्री अडवानी ही प्रधानमंत्री बनें। अपने पति के साथ मतदान करने आईं कविता गुरुबक्षाणी ने कहा कि मतदान जरूरी है, इसका उपयोग सबको करना चाहिए, जो मतदान नहीं करते हैं उनको सजा मिलनी चाहिए। अधिवक्ता अमर गुरुबक्षाणी ने कहा कि उन्होंने संकल्प लिया था कि वे कम से कम 10 लोगों को मतदान करने के लिए प्रेरित करेंगे, इसमें वे सफल रहे और उन्होंने 10 से ज्यादा लोगों से मतदान करवाने में सफलता प्राप्त की। उन्होंने पूछने पर कहा कि साफ छवि वाले को देश का प्रधानमंत्री बनाना चाहिए, फिर वे चाहे किसी भी पार्टी के हों। प्रकाश जेठवानी ने कहा कि जो भी सांसद चुने जाते हैं उनको जनता के बीच आते रहना चाहिए। होता यह है कि सांसद ज्यादा से ज्यादा समय दिल्ली में बिताते हैं। अवंति विहार की अनिता तिवारी ने कहा कि देश की सुरक्षा के महत्व को समङाने के साथ महंगाई और आतंकवाद से निपटने की क्षमता रखने वाले प्रधानमंत्री होने चाहिए। अपने पति तमेश आहूजा के साथ मतदान करके लौट रहीं सुमन आहूजा ने कहा कि देश में एक बार फिर से भाजपा की सरकार बननी चाहिए। भाजपा की सरकार में देश में महंगाई पर अंकुश था, आज महंगाई बेलगाम हो गई है। उन्होंने बताया कि मेरी सहेलियों का भी ऐसा मानना है और हम सबने श्री अडवानी को प्रधानमंत्री बनाने के संकल्प के साथ मतदान किया है। श्रीराम नगर के युवक मोहनीश शिवनकर ने कहा कि जब वे मतदान करने गए थे तो उनके मन में यही था कि जैसा विकास छत्तीसगढ़ का मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने किया है, वैसा ही विकास देश का होना चाहिए। उनकी माता विजया शिवनकर ने प्रधानमंत्री के रूप में मनमोहन सिंह को ठीक मानते हुए कहा कि उनको फिर से प्रधानमंत्री बनना चाहिए। पहली बार मतदान करने वाली रूतिका शिवनकर ने पूछने पर तपाक से कहा कि हम युवा तो चाहते हैं कि देश के प्रधानमंत्री राहुल गांधी बनें।

8 टिप्पणियाँ:

rajesh patel शुक्र अप्रैल 17, 12:35:00 am 2009  

साफ छवि वाले को देश का प्रधानमंत्री बनाना चाहिए, इस बात से हम भी सहमत हैं

rajesh patel शुक्र अप्रैल 17, 12:37:00 am 2009  
इस टिप्पणी को लेखक द्वारा हटा दिया गया है.
बेनामी,  शुक्र अप्रैल 17, 12:42:00 am 2009  

भाजपा में ही महंगाई पर अंकुश लगाने का दम है

rajesh patel शुक्र अप्रैल 17, 12:43:00 am 2009  
इस टिप्पणी को लेखक द्वारा हटा दिया गया है.
Anil शुक्र अप्रैल 17, 01:30:00 am 2009  

कौन है साफ़ छवि वाला? ज़रा एक तो दिखायें।

anu शुक्र अप्रैल 17, 07:34:00 am 2009  

मतदान जरुरी है-नेता मज़बूरी हैं

guru शुक्र अप्रैल 17, 07:38:00 am 2009  

साफ़ छवि वाले अपने देश में हैं कहाँ गुरु

रवीन्द्र प्रभात शुक्र अप्रैल 17, 04:11:00 pm 2009  

आपके विचार अति महत्वपूर्ण है ....लेकिन सही मायनों में मजबूत है कौन ?

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